16 मई 2026 • शनिवार

🌑 शनिश्चरी अमावस्या मई 2026 — उपाय और पूजा विधि

शनिवार और अमावस्या का दुर्लभ संयोग — शनि जयंती के साथ त्रि-महासंयोग। इस दिन किए गए उपाय 10 गुना अधिक फलदायी होते हैं।

⚡ 16 मई 2026 — त्रि-महासंयोग

Shani Jayanti
शनि देव का जन्मदिन — वर्ष का सबसे शक्तिशाली शनि दिन
Shanishchari Amavasya
शनिवार को अमावस्या — पितृ तर्पण और शनि उपाय का दोहरा लाभ
Vat Savitri Vrat
वट वृक्ष पूजा — सुहागिन स्त्रियों का व्रत
⚠️ अमावस्या प्रारंभ: 05:11 AM (May 16) — अमावस्या समाप्ति: 02:28 AM (May 17) | शनि जयंती पूजा मुहूर्त: 05:11 AM – 07:30 AM

✅ शनिश्चरी अमावस्या के 7 उपाय

शनिश्चरी अमावस्या उपाय चेकलिस्ट

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  • सूर्योदय से पहले सरसों तेल का दीपक जलाएं
  • काले तिल और जल से पितृ तर्पण करें
  • शनि मंदिर में सरसों तेल अभिषेक करें
  • काले कपड़े में उड़द दाल, तेल, कंबल दान करें
  • पीपल वृक्ष के नीचे दीपक जलाकर 7 परिक्रमा करें
  • शनि बीज मंत्र का 108 बार जाप करें
  • काले कुत्ते को सरसों तेल में बना रोटी खिलाएं

🔱 शनि मंत्र — अमावस्या पर जाप करें

ॐ शं शनैश्चराय नमः
ॐ प्रां प्रीं प्रौं सः शनैश्चराय नमः
नीलांजन समाभासं रविपुत्रं यमाग्रजम्।
छायामार्तण्ड सम्भूतं तं नमामि शनैश्चरम्॥

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