मंगल ज्योतिष

मंगल ग्रह शांति पूजा विधि

उग्र मंगल ऊर्जा को शांत करने की विधि

जब मंगल क्रोध, दुर्घटना, भूमि-विवाद, वैवाहिक तनाव या मांगलिक दोष के रूप में भारी महसूस हो, तब मंगलवार की मंगल शांति पूजा संतुलन और स्थिरता लाने के लिए की जाती है।

कब करें?

अनियंत्रित क्रोध
दुर्घटना का भय
भूमि और संपत्ति विवाद
मांगलिक दोष
ऋण और कानूनी दबाव
वैवाहिक टकराव

मंगल शांति पूजा सामग्री

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  • लाल वस्त्र
    आसन और वेदी के लिए
  • लाल मसूर दाल
    दान और अर्पण हेतु
  • तांबे का लोटा या पात्र
    मंगल धातु
  • लाल पुष्प
    गुलाब या कनेर
  • घी या तिल तेल का दीपक
    मंगलवार संध्या पूजा
  • मंगल यंत्र
    यदि उपलब्ध हो
  • गुड़-चना
    भोग और दान
  • रोली/कुमकुम
    तिलक हेतु

पूजा विधि

1

मंगलवार प्रातः स्नान कर लाल या केसरिया वस्त्र धारण करें।

2

पूर्व या दक्षिण दिशा की ओर वेदी बनाकर लाल वस्त्र बिछाएँ।

3

तांबे के पात्र में जल भरकर मंगल देव का आवाहन करें।

4

लाल पुष्प, कुमकुम और गुड़-चना अर्पित करें।

5

ॐ क्रां क्रीं क्रौं सः भौमाय नमः का 108 जाप करें।

6

ऋणमोचन मंगल स्तोत्र या मंगल बीज मंत्र का पाठ करें।

7

लाल मसूर दाल और तांबे का दान देकर पूजा पूर्ण करें।

मुख्य मंत्र

ॐ क्रां क्रीं क्रौं सः भौमाय नमः

108 बार जाप करें। यदि समय कम हो तो 21 या 27 बार भी कर सकते हैं।

मंगल ग्रह शांति पूजा विधि — उग्र मंगल को शांत कैसे करें? | वेदकोश | VedKosh