मंगलवार व्रत
मंगलवार व्रत उद्यापन
उद्यापन का अर्थ केवल व्रत खत्म करना नहीं, बल्कि अनुशासन की पूर्णता और कृतज्ञता व्यक्त करना है।
☑ उद्यापन सामग्री सूची
0/6- कलश और जलसंकल्प हेतु
- हनुमान जी की प्रतिमा/चित्रमुख्य पूजन
- लाल पुष्प और रोलीअर्चन के लिए
- गुड़-चनाभोग और प्रसाद
- घी का दीपकआरती और समापन
- दान सामग्रीलाल मसूर, वस्त्र, दक्षिणा
121वें मंगलवार प्रातः स्नान कर उद्यापन संकल्प लें।
2हनुमान जी का पूजन करें, चालीसा/बजरंग बाण/मंगल मंत्र का पाठ करें।
3गुड़-चना, फल और सात्विक नैवेद्य अर्पित करें।
4आरती करके परिवार सहित प्रसाद ग्रहण करें।
5एक जरूरतमंद को भोजन या दान देकर व्रत समापन करें।